सावधान: नया iPhone खरीदने का है प्लान? पहले जान लें ये 5 बड़ी समस्याएं, कहीं बाद में पछताना न पड़े
सावधान: नया iPhone खरीदने का है प्लान? पहले जान लें ये 5 बड़ी समस्याएं, कहीं बाद में पछताना न पड़े
टेक डेस्क: अगर आप इस फेस्टिव सीजन या मदर्स डे के मौके पर अपनी मां के लिए या खुद के लिए नया iPhone खरीदने की सोच रहे हैं, तो थोड़ा रुकिए। आईफोन अपनी प्रीमियम क्वालिटी के लिए जाना जाता है, लेकिन हालिया रिपोर्टों और यूजर्स के फीडबैक ने कुछ ऐसी खामियां उजागर की हैं जो आपके अनुभव को बिगाड़ सकती हैं। विशेष रूप से iPhone 16 और iPhone 17 सीरीज के यूजर्स कई तकनीकी समस्याओं से जूझ रहे हैं।
1. ओवरहीटिंग की गंभीर समस्या (Heating Issues)
लेटेस्ट iPhone मॉडल्स में ‘वेपर कूलिंग चैंबर’ होने के बावजूद, यूजर्स भारी हीटिंग की शिकायत कर रहे हैं। साधारण काम जैसे वीडियो कॉल करना, 4K रिकॉर्डिंग या गेमिंग के दौरान फोन तेजी से गर्म हो जाता है। ज्यादा गर्मी न केवल फोन को पकड़ना मुश्किल बनाती है, बल्कि यह बैटरी की लाइफ (Battery Health) को भी तेजी से कम कर रही है।
2. iOS 26 के बग्स और लैग (Software Glitches)
एप्पल का नया ऑपरेटिंग सिस्टम iOS 26 दिखने में सुंदर है, लेकिन इसमें ‘लिक्विड ग्लास’ इंटरफेस की वजह से काफी बग्स हैं। कई यूजर्स ने शिकायत की है कि:
ऐप खोलते समय फोन अचानक फ्रीज हो जाता है।
टाइपिंग के दौरान कीबोर्ड गायब हो जाता है या अटक-अटक कर चलता है।
होम स्क्रीन स्वाइप करते समय ‘स्टटरिंग’ (Stuttering) महसूस होती है।
3. बैटरी ड्रेन और चार्जिंग की परेशानी
नया फोन होने के बावजूद कई यूजर्स को दिन में दो बार चार्ज करना पड़ रहा है। नया ‘एनिमेशन इंजन’ और बैकग्राउंड में चलने वाले AI फीचर्स बैटरी को बहुत तेजी से सोख रहे हैं। इसके अलावा, कुछ भारतीय यूजर्स ने रिपोर्ट किया है कि ओरिजिनल चार्जर के साथ भी फोन कभी-कभी ‘Not Charging’ दिखाता है।
4. नेटवर्क और कनेक्टिविटी में गिरावट
भारत के कई बड़े शहरों (जैसे दिल्ली, मुंबई) में iPhone 17 Pro यूजर्स ने कमजोर 5G सिग्नल की शिकायत की है। इनडोर क्षेत्रों या भीड़-भाड़ वाली जगहों पर कॉल ड्रॉप और इंटरनेट की धीमी गति एक बड़ी समस्या बनकर उभरी है। एंड्रॉइड के मुकाबले आईफोन में नेटवर्क पकड़ने की क्षमता पर सवाल उठ रहे हैं।
5. महंगा रिपेयर और सर्विस का खर्च
आईफोन खरीदना जितना महंगा है, उसे ठीक कराना उससे भी ज्यादा खर्चीला है। अगर गलती से स्क्रीन टूट जाए या बैक ग्लास डैमेज हो जाए, तो रिपेयरिंग का खर्च एक अच्छे नए एंड्रॉइड फोन की कीमत के बराबर हो सकता है। बिना ‘Apple Care+’ के आईफोन का रखरखाव जेब पर भारी पड़ता है।
टेक एक्सपर्ट की राय
“अगर आप अभी नया आईफोन लेना चाहते हैं, तो बेहतर होगा कि आप अगले बड़े सॉफ्टवेयर अपडेट (जैसे iOS 26.5 या iOS 27) का इंतजार करें ताकि मौजूदा बग्स फिक्स हो सकें। साथ ही, खरीदने से पहले स्टोर पर जाकर ‘हीटिंग टेस्ट’ जरूर चेक करें: टेक एनालिस्ट
अगर आप इन समस्याओं के लिए मानसिक रूप से तैयार हैं, तभी नए iPhone पर पैसे खर्च करें। वरना, मार्केट में मौजूद अन्य फ्लैगशिप विकल्पों पर भी नजर डालना एक समझदारी भरा फैसला हो सकता है।
