”कंगाल पाकिस्तान की ‘मिसाइल वाली गीदड़भभकी’: ख्वाजा आसिफ बोले- कोलकाता को बना देंगे निशाना, क्या भारत का S-400 करेगा काम तमाम?”
पाकिस्तान के रक्षा मंत्री ख्वाजा आसिफ ने शनिवार (4 अप्रैल 2026) को एक बेहद भड़काऊ बयान देते हुए भारत को ‘कोलकाता’ तक हमला करने की धमकी दी है। यह बयान भारतीय रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह की उस चेतावनी के बाद आया है, जिसमें उन्होंने कहा था कि पाकिस्तान की किसी भी ‘दुस्साहस’ का भारत ‘अभूतपूर्व और निर्णायक’ जवाब देगा।
यहाँ इस पूरे विवाद और उन हथियारों की हकीकत दी गई है जिसके दम पर पाकिस्तान यह दावा कर रहा है:
क्यों दी गई कोलकाता को दहलाने की धमकी?
ख्वाजा आसिफ ने सियालकोट में मीडिया से बात करते हुए आरोप लगाया कि भारत एक ‘फॉल्स फ्लैग ऑपरेशन’ (खुद हमला करवाकर पाकिस्तान पर मढ़ना) की योजना बना रहा है। उन्होंने कहा:
“अगर भारत ने इस बार कोई हिमाकत की, तो इंशाअल्लाह, हम इस जंग को कोलकाता तक ले जाएंगे। इस बार मुकाबला सिर्फ 200-250 किमी की सीमा तक सीमित नहीं रहेगा।”
आखिर किसके भरोसे है ये धमकी? (The ‘Shaheen-III’ Factor)
पाकिस्तान की इस धमकी के पीछे उसकी सबसे लंबी दूरी की मिसाइल शाहीन-III (Shaheen-III) है। पाकिस्तान का मानना है कि इस मिसाइल के जरिए वह पूरे भारत को अपनी जद में ले चुका है।
* 2,750 KM की रेंज: शाहीन-III की मारक क्षमता इतनी है कि यह पाकिस्तान से लॉन्च होने पर न केवल दिल्ली और मुंबई, बल्कि पूर्वी भारत के कोलकाता और सुदूर अंडमान-निकोबार द्वीप समूह तक पहुँच सकती है।
* रणनीतिक मकसद: पाकिस्तान ने विशेष रूप से इस मिसाइल को इसलिए विकसित किया ताकि भारत का कोई भी हिस्सा (विशेषकर बंगाल की खाड़ी में स्थित सैन्य बेस) उसकी पहुँच से बाहर न रहे।
* परमाणु क्षमता: यह मिसाइल परमाणु और पारंपरिक दोनों तरह के हथियार ले जाने में सक्षम है।
क्या है वर्तमान तनाव की असली वजह?
दोनों देशों के बीच यह ताजा जुबानी जंग अप्रैल 2025 में हुए पहलगाम आतंकी हमले की बरसी के करीब शुरू हुई है।
* ऑपरेशन सिंधूर (2025): पिछले साल पहलगाम हमले (जिसमें 26 लोग मारे गए थे) के जवाब में भारत ने ‘ऑपरेशन सिंधूर’ चलाया था, जिसमें पाकिस्तानी सीमा के भीतर आतंकी ठिकानों को तबाह किया गया था।
* ताजा चेतावनी: राजनाथ सिंह ने हाल ही में केरल में एक रैली के दौरान साफ किया कि भारत अपनी संप्रभुता से समझौता नहीं करेगा और जरूरत पड़ने पर घर में घुसकर मारेगा। इसी के जवाब में ख्वाजा आसिफ ने कोलकाता का नाम लेकर अपनी ‘पहुँच’ दिखाने की कोशिश की है।
भारत का ‘सुरक्षा कवच’ कितना मजबूत?
भले ही पाकिस्तान कोलकाता तक पहुँचने का दावा करे, लेकिन भारत का डिफेंस सिस्टम अब पहले से कहीं ज्यादा घातक है:
* S-400 ट्रायम्फ: भारत के पास रूस निर्मित S-400 सिस्टम है जो 400 किमी की दूरी से ही किसी भी आक्रामक मिसाइल को ट्रैक करके हवा में ही नष्ट कर सकता है।
* अग्नि-V मिसाइल: भारत की अग्नि सीरीज की मिसाइलें (5500+ किमी) पाकिस्तान के हर कोने को मिनटों में राख करने की क्षमता रखती हैं।
* आर्थिक बदहाली बनाम सैन्य ताकत: विशेषज्ञों का मानना है कि भीषण आर्थिक संकट और आंतरिक अस्थिरता (बलूचिस्तान और केपीके में विद्रोह) से जूझ रहा पाकिस्तान इस तरह के बयानों का इस्तेमाल केवल अपनी जनता का ध्यान भटकाने के लिए कर रहा है।
निष्कर्ष: पाकिस्तान की यह धमकी सामरिक वास्तविकता से ज्यादा एक ‘मनोवैज्ञानिक युद्ध’ (Psychological Warfare) का हिस्सा लगती है। कोलकाता जैसे शहर का नाम लेना यह संकेत देने की कोशिश है कि अब युद्ध केवल सीमावर्ती इलाकों तक सीमित नहीं रहेगा।
क्या आपको लगता है कि पाकिस्तान की आर्थिक स्थिति उसे इतने बड़े युद्ध की इजाजत देती है, या यह सिर्फ एक राजनीतिक स्टंट है?
