फिर जंग का अखाड़ा बना जेएनयू: एबीवीपी और लेफ्ट के बीच आधी रात झड़प, पथराव-मारपीट में कई छात्र घायल, दोनों तरफ आरोप-प्रत्यारोप
फिर जंग का अखाड़ा बना जेएनयू: एबीवीपी और लेफ्ट के बीच आधी रात झड़प, पथराव-मारपीट में कई छात्र घायल, दोनों तरफ आरोप-प्रत्यारोप
जवाहरलाल नेहरू विश्वविद्यालय (JNU) एक बार फिर हिंसा का गवाह बना। रविवार रात करीब 1:30 बजे (सोमवार तड़के) छात्र संगठनों के बीच भारी झड़प हुई, जिसमें पथराव, लाठी-डंडे, आयरन रॉड्स, फायर एक्सटिंग्विशर और मारपीट की घटनाएं सामने आईं। कई छात्र गंभीर रूप से घायल हुए हैं, जिनमें से एक की हालत नाजुक बताई जा रही है। कैंपस में तनाव चरम पर है और सुरक्षा बढ़ा दी गई है।
क्या था विवाद का कारण?
लेफ्ट-समर्थित छात्र संगठन (JNUSU, AISA, SFI आदि) पिछले 7-8 दिनों से हड़ताल पर थे।
वे कुलपति संतिश्री धुलिपुडी पंडित के इस्तीफे और एक दलित छात्र के रस्टिकेशन (निष्कासन) आदेश वापस लेने की मांग कर रहे थे। कुलपति के एक पॉडकास्ट में कथित ‘एंटी-दलित’ टिप्पणियों पर भी विरोध था।
विरोध मार्च (‘समता जुलूस’) ईस्ट गेट की ओर जा रहा था, जिसे प्रशासन ने अनदेखा किया और कथित तौर पर एबीवीपी को रोका नहीं।
दोनों पक्षों के आरोप
लेफ्ट ग्रुप्स (AISA, JNUSU): एबीवीपी कार्यकर्ताओं ने JNUSU कैंप साइट पर पथराव किया, निहत्थे छात्रों पर हमला किया। कई घायल हुए। उन्होंने इसे ‘मासिव अटैक’ बताया और प्रशासन पर पक्षपात का आरोप लगाया।
एबीवीपी: लेफ्ट-विंग के 300-400 ‘मास्क्ड गुंडों’ ने कैंपस में घुसकर हमला किया। बायोटेक्नोलॉजी छात्र प्रतीक भारद्वाज को घेरकर पीटा गया, फायर एक्सटिंग्विशर का पाउडर फेंका गया। एबीवीपी मीडिया संयोजक विजय जायसवाल और अन्य घायल। उन्होंने इसे ‘नाइट ऑफ टेरर’ कहा और दिल्ली पुलिस पर निष्क्रियता का आरोप लगाया। हैशटैग #LeftAttacksJNUAgain ट्रेंड कर रहा है।
घायलों की स्थिति
कई छात्र अस्पताल में भर्ती, कुछ की हालत गंभीर।
वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हो रहे हैं, जिसमें पथराव और मारपीट दिख रही है।
प्रशासन और पुलिस की प्रतिक्रिया
दिल्ली पुलिस मौके पर पहुंची, लेकिन अब तक कोई FIR या गिरफ्तारी की पुष्टि नहीं।
यूनिवर्सिटी प्रशासन ने अभी विस्तृत बयान नहीं दिया।
दोनों पक्षों ने एक-दूसरे पर झूठ फैलाने और हिंसा भड़काने का आरोप लगाया है।
JNU में यह हिंसा नई नहीं, लेकिन हाल के वर्षों में छात्र राजनीति में बढ़ती तनाव की वजह से कैंपस बार-बार सुर्खियों में आ रहा है। जांच जारी है, उम्मीद है कि जल्द शांति बहाल होगी।
