पूर्व रेल मंत्री मुकुल रॉय का निधन: 71 वर्ष की उम्र में कार्डियक अरेस्ट से ली अंतिम सांस, ममता बनर्जी के साथ की थी TMC की स्थापना
पूर्व रेल मंत्री मुकुल रॉय का निधन: 71 वर्ष की उम्र में कार्डियक अरेस्ट से ली अंतिम सांस, ममता बनर्जी के साथ की थी TMC की स्थापना
पश्चिम बंगाल की राजनीति के दिग्गज और पूर्व केंद्रीय रेल मंत्री मुकुल रॉय का सोमवार तड़के निधन हो गया। वे 71 वर्ष के थे। उनके बेटे शुभ्रांशु रॉय ने इसकी पुष्टि की है। मुकुल रॉय कोलकाता के साल्ट लेक स्थित अपोलो मल्टीस्पेशलिटी अस्पताल में लंबे समय से भर्ती थे, जहां रात करीब 1:30 बजे कार्डियक अरेस्ट से उन्होंने अंतिम सांस ली। पिछले कई महीनों से वे कई बीमारियों से जूझ रहे थे और कोमा में थे।
राजनीतिक सफर: TMC की स्थापना से लेकर दलबदल तक
मुकुल रॉय तृणमूल कांग्रेस (TMC) के संस्थापक सदस्यों में शामिल थे। 1998 में ममता बनर्जी के साथ मिलकर उन्होंने पार्टी की नींव रखी और लंबे समय तक ममता के सबसे करीबी सहयोगी और ‘नंबर-2’ माने जाते रहे।
उन्हें पश्चिम बंगाल की राजनीति का ‘चाणक्य’ और ‘क्राइसिस मैनेजर’ कहा जाता था, क्योंकि वे पार्टी की रणनीति और चुनाव प्रबंधन में माहिर थे।
2011-2014 तक वे केंद्रीय रेल मंत्री रहे (मनमोहन सिंह सरकार में)।
2015 में TMC से निष्कासित होने के बाद 2017 में बीजेपी में शामिल हो गए और बंगाल में बीजेपी की विस्तार में अहम भूमिका निभाई।
2021 में वापस TMC में लौट आए, लेकिन हाल के वर्षों में स्वास्थ्य कारणों से सक्रिय राजनीति से दूर रहे।
वे दो बार राज्यसभा सदस्य और पश्चिम बंगाल विधानसभा में कृष्णानगर उत्तर से विधायक भी रहे।
परिवार और राजनीतिक प्रतिक्रियाएं
उनके बेटे शुभ्रांशु रॉय ने भावुक होकर कहा, “कल रात कार्डियक अरेस्ट से उनकी मौत हो गई। वह पिछले 600 दिनों से अस्पताल में भर्ती थे। यह मेरे और मेरे परिवार के लिए बहुत बड़ी क्षति है।”
ममता बनर्जी और TMC नेताओं ने गहरा शोक जताया है। मुकुल रॉय की मौत से बंगाल की राजनीति में एक युग का अंत माना जा रहा है।
परिजनों और शुभचिंतकों के प्रति गहरी संवेदना। उनकी आत्मा को शांति मिले।
