देहरादून के अर्बन कोऑपरेटिव बैंक में RBI की सख्त कार्रवाई: 6 महीने तक वित्तीय लेनदेन पर रोक, खाताधारकों में हंगामा और पुलिस शिकायत
देहरादून के अर्बन कोऑपरेटिव बैंक में RBI की सख्त कार्रवाई: 6 महीने तक वित्तीय लेनदेन पर रोक, खाताधारकों में हंगामा और पुलिस शिकायत
देहरादून के दर्शन लाल चौक स्थित अर्बन कोऑपरेटिव बैंक लिमिटेड पर भारतीय रिजर्व बैंक (RBI) ने बड़ा एक्शन लिया है। RBI ने बैंक के वित्तीय लेनदेन पर 6 महीने (कुछ रिपोर्ट्स में अस्थायी प्रतिबंध के रूप में उल्लेख) की रोक लगा दी है, जिससे बैंक के करीब 9,000 खाताधारकों पर सीधा असर पड़ा है। इस फैसले के बाद कल बैंक पहुंचे खाताधारकों, खासकर ठेकेदारों ने हंगामा किया। बैंक अधिकारी मौके पर नहीं मिले, तो गुस्साए ग्राहकों ने कोतवाली नगर पुलिस में शिकायत दर्ज कराई।
क्या है पूरा मामला?
RBI ने 9 फरवरी 2026 को जारी निर्देश (दिनांक 9 फरवरी 2026, प्रभावी 10 फरवरी 2026 की शाम से) में बैंक को सख्त प्रतिबंध लगाए हैं।
बैंक अब बिना RBI की लिखित पूर्व अनुमति के:
कोई नया ऋण या अग्रिम नहीं दे सकता।
निवेश नहीं कर सकता।
नई जमा स्वीकार नहीं कर सकता।
कोई भुगतान या देनदारी नहीं ले सकता।
संपत्ति बेच/स्थानांतरित नहीं कर सकता।
सबसे महत्वपूर्ण: बचत/चालू खातों से निकासी पर रोक (कुछ अपवादों को छोड़कर, जैसे कर्मचारी वेतन, किराया, बिजली बिल आदि आवश्यक खर्च)।
RBI ने कहा कि बैंक की वर्तमान नकदी स्थिति और हाल के घटनाक्रमों से उत्पन्न पर्यवेक्षी चिंताओं के कारण जमाकर्ताओं के हितों की रक्षा के लिए ये कदम जरूरी हैं।
खाताधारकों की परेशानी
बैंक में नगर निगम के करीब 50 ठेकेदारों के खाते हैं, जिनके 30-35 करोड़ रुपये के लेनदेन प्रभावित हुए हैं। कुछ रिपोर्ट्स में कुल 98 करोड़ रुपये के लेनदेन पर रोक का जिक्र है।
खाताधारक अर्चिन गुप्ता ने बताया कि वे पिछले 19 साल से खाताधारक हैं। बैंक 1973 में स्थापित हुआ था और आम जनता के बीच लोकप्रिय था।
11 फरवरी को शुरुआती जानकारी मिली कि 2 दिन की रोक है, लेकिन सोमवार को RBI सर्कुलर से पता चला कि 6 महीने की है।
ठेकेदारों का कहना है कि 2013-2014 में हुए 38 करोड़ रुपये के घोटाले का ऑडिट अब हुआ, जिसके कारण ये कार्रवाई हुई। इससे उनके फंड सीज हो गए हैं, जिससे काम प्रभावित हो रहा है।
RBI का स्पष्ट बयान
RBI चीफ जनरल मैनेजर बृज राज के जारी पत्र में कहा गया है कि ये निर्देश बैंकिंग लाइसेंस रद्द करने के समान नहीं हैं। बैंक अपनी स्थिति सुधारने तक प्रतिबंधों के साथ काम जारी रख सकता है। RBI स्थिति की लगातार निगरानी करेगा और जरूरत पड़ने पर संशोधन करेगा।
घटना का विवरण
आज बैंक पहुंचे खाताधारकों ने हंगामा किया, कर्मचारी फरार हो गए।
पुलिस मौके पर पहुंची, लेकिन अधिकारी नहीं मिलने पर शिकायत दर्ज हुई।
यह बैंक दर्शन लाल चौक पर स्थित है और स्थानीय स्तर पर काफी जाना जाता था।
यह घटना उत्तराखंड में सहकारी बैंकों की विश्वसनीयता पर सवाल उठा रही है। खाताधारकों में डर है कि उनके पैसे सुरक्षित रहेंगे या नहीं। RBI ने जमाकर्ताओं के हितों की रक्षा का आश्वासन दिया है।
