सोमनाथ स्वाभिमान पर्व: पीएम मोदी ने वीरों को किया नमन, मंदिर परिसर से देश को दिया प्रेरणादायक संबोधन!
सोमनाथ स्वाभिमान पर्व: पीएम मोदी ने वीरों को किया नमन, मंदिर परिसर से देश को दिया प्रेरणादायक संबोधन!
सोमनाथ (गुजरात): आज 11 जनवरी 2026 को सोमनाथ स्वाभिमान पर्व के अवसर पर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने पवित्र श्री सोमनाथ मंदिर परिसर में पहुंचकर महादेव के दर्शन किए, पूजा-अर्चना की और देश को भावुक संबोधित किया। यह पर्व 1026 ईस्वी में महमूद गजनी के पहले हमले की 1000वीं वर्षगांठ और मंदिर पुनर्निर्माण के 75 वर्ष पूरे होने का प्रतीक है। पीएम मोदी ने शौर्य यात्रा का नेतृत्व किया, जिसमें 108 घोड़ों की प्रतीकात्मक सवारी शामिल थी, और वीरों को श्रद्धांजलि अर्पित की।
पीएम मोदी का संबोधन: मुख्य बातें
पीएम मोदी ने कहा, “सोमनाथ स्वाभिमान पर्व करोड़ों-करोड़ भारतीयों की शाश्वत आस्था, साधना और अटूट संकल्प का जीवंत प्रतिबिंब है। पवित्र श्री सोमनाथ मंदिर में इस महापर्व का सहभागी बनना मेरे जीवन का अविस्मरणीय और अमूल्य क्षण है।”
उन्होंने 1000 साल पहले के माहौल का जिक्र करते हुए कहा कि आक्रांताओं को लगा था कि वे जीत गए, लेकिन हमारे पुरखों ने महादेव के लिए सब कुछ न्योछावर कर दिया। आज भी सोमनाथ की ध्वजा लहरा रही है, जो हिंदुस्तान की शक्ति और सामर्थ्य का आह्वान है।
पीएम ने सरदार वल्लभभाई पटेल की भूमिका की सराहना की और कहा कि आजादी के बाद भी कुछ ताकतों ने मंदिर पुनर्निर्माण का विरोध किया, इतिहास को विकृत करने की कोशिश की गई – हमलों को सिर्फ लूट बताया गया। वे ‘गुलामी की मानसिकता’ वाली ताकतें आज भी सक्रिय हैं, इसलिए देश को एकजुट, सतर्क और मजबूत रहना होगा।
कार्यक्रम की झलकियां
शनिवार शाम को ओमकार मंत्र जाप और ड्रोन शो।
रविवार सुबह शौर्य यात्रा – वीर हमीरजी गोहिल और सरदार पटेल को नमन।
मंदिर में पूजा के दौरान वेदिक मंत्रों की गूंज और ढोल-डमरू की थाप।
सोमनाथ स्वाभिमान पर्व का महत्व
यह आयोजन 8 से 11 जनवरी तक चला, जिसमें विध्वंस नहीं बल्कि 1000 साल की अटूट आस्था और पुनर्निर्माण की यात्रा का उत्सव मनाया गया। पीएम मोदी ने इसे भारत की सभ्यतागत साहस और गौरव का प्रतीक बताया।
फैंस और भक्त इस दिव्य पल से भावुक हैं! जय सोमनाथ! क्या आप भी इस पर्व से जुड़े हैं? कमेंट में बताएं।
