कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खड़गे का पीएम मोदी से मुलाकात का ऐलान: एसआईआर, परिसीमन और महिला आरक्षण के मुद्दों पर होगी विस्तार से चर्चा
कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खड़गे का पीएम मोदी से मुलाकात का ऐलान: एसआईआर, परिसीमन और महिला आरक्षण के मुद्दों पर होगी विस्तार से चर्चा
कलबुर्गी (कर्नाटक):
कांग्रेस के राष्ट्रीय अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खड़गे ने कहा है कि वह बुधवार को प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के समक्ष एसआईआर (SIR), प्रस्तावित परिसीमन प्रक्रिया और महिला आरक्षण को लागू करने में हो रही देरी जैसे महत्वपूर्ण मुद्दों को विस्तार से रखेंगे।
विजयादशमी के पावन पर्व पर कर्नाटक के कलबुर्गी (गुलबर्गा) में मीडिया से बातचीत करते हुए खड़गे ने कहा कि वह आज त्योहार के दिन कोई राजनीतिक बात नहीं करेंगे, लेकिन प्रधानमंत्री को पहले ही दो पत्र लिख चुके हैं और कल की बैठक में इन तमाम विषयों पर खुलकर और विस्तार से चर्चा करेंगे।
प्रमुख मुद्दे जिन पर होगी चर्चा:
एसआईआर (SIR) के संभावित नुकसान: इसके प्रभावों को लेकर विपक्ष की चिंताओं को रखा जाएगा।
परिसीमन प्रक्रिया: प्रस्तावित परिसीमन के नकारात्मक प्रभावों और आपत्तियों पर बात होगी।
महिला आरक्षण: संसद द्वारा पारित महिला आरक्षण कानून को लागू करने में हो रही देरी का मुद्दा उठाया जाएगा।
केंद्रीय मंत्री किरेन रिजिजू के पत्र का संदर्भ
यह घटनाक्रम ऐसे समय में सामने आया है जब केंद्रीय संसदीय कार्य मंत्री किरेन रिजिजू ने सोमवार को मल्लिकार्जुन खड़गे को एक पत्र लिखकर सरकार की ओर से विपक्ष के साथ संवाद स्थापित करने के प्रयासों का ब्योरा दिया था।
सरकार का पक्ष: रिजिजू ने अपने पत्र में कहा था कि सरकार ने ‘परिसीमन संशोधन विधेयक’ पर विचार और उसे पारित कराने के लिए मुख्य विपक्षी दल होने के नाते कांग्रेस से लगातार संपर्क किया है। उन्होंने मानसून सत्र के दौरान लोकसभा में नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी से भी व्यक्तिगत रूप से मुलाकात कर सहयोग मांगा था।
विपक्ष की प्रतिक्रिया का इंतजार: केंद्रीय मंत्री का आरोप था कि बार-बार लिखित और मौखिक अनुरोध के बावजूद कांग्रेस पार्टी की ओर से चर्चा के लिए कोई निश्चित तारीख नहीं दी गई, जिसके बाद सरकार को अन्य राजनीतिक दलों से संपर्क साधना पड़ा।
दशहरा की शुभकामनाएं और कल्याण-कर्नाटक के लिए विशेष योजना
देशवासियों को विजयादशमी की शुभकामनाएं देते हुए खड़गे ने कहा कि यह पर्व सभी के लिए मंगलमय हो। इस दौरान उन्होंने राज्य में कम बारिश (सामान्य से 40% से कम) के कारण किसानों और आम जनता को हो रही परेशानियों पर भी चिंता जताई। उन्होंने कहा कि कल्याण-कर्नाटक क्षेत्र (विशेषकर गुलबर्गा) में दशहरा के भव्य आयोजन को लेकर वह मुख्यमंत्री से चर्चा करेंगे ताकि पूरे राज्य के लोगों को एकजुट किया जा सके।

