प्रधानमंत्री मोदी ने इंडिया मोबाइल कांग्रेस 2026 के 10वें संस्करण का किया उद्घाटन, देश के दूरसंचार विकास और 5G-6G पर दिया जोर
प्रधानमंत्री मोदी ने इंडिया मोबाइल कांग्रेस 2026 के 10वें संस्करण का किया उद्घाटन, देश के दूरसंचार विकास और 5G-6G पर दिया जोर
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने गुरुवार (8 अक्टूबर 2026) को नई दिल्ली के यशोभूमि (द्वारका स्थित इंडिया इंटरनेशनल कन्वेंशन एंड एक्सपो सेंटर) में इंडिया मोबाइल कांग्रेस (IMC) 2026 के 10वें संस्करण का उद्घाटन किया। इस अवसर पर उन्होंने देश के दूरसंचार क्षेत्र की प्रगति, 5G विस्तार और भविष्य की 6G महत्वाकांक्षाओं पर विस्तार से प्रकाश डाला।
इंडिया मोबाइल कांग्रेस 2026 के उद्घाटन और दूरसंचार विकास से जुड़ी मुख्य बातें:
टेलीकॉम सेक्टर में अभूतपूर्व वृद्धि: प्रधानमंत्री मोदी ने अपने संबोधन में बताया कि भारत में आज 5.5 लाख से अधिक बेस स्टेशन 5G नेटवर्क संचालित कर रहे हैं। वर्ष 2022 की तुलना में मोबाइल इंटरनेट की स्पीड में 10 गुना की वृद्धि हुई है। उन्होंने याद दिलाया कि 2022 में इसी मंच से 5G की शुरुआत की गई थी, जिसके बाद 2023 में इसका दायरा बढ़ाते हुए ‘5जी रीचआउट’ पर जोर दिया गया।
सुशासन का माध्यम बना मोबाइल फोन: पीएम मोदी ने कहा कि भारत में दूरसंचार अब केवल नेटवर्क, स्पेक्ट्रम या इंटरनेट स्पीड तक सीमित नहीं है, बल्कि यह नागरिकों को आवश्यक सरकारी सेवाओं से जोड़कर ‘सुशासन का एक महत्वपूर्ण साधन’ बन गया है। सरकार के डिजिटल इंडिया कार्यक्रम ने डिजिटल विभाजन की चुनौती को दूर किया है।
विशेष संयोग और वायु सेना दिवस: अपने संबोधन की शुरुआत में प्रधानमंत्री ने 8 अक्टूबर यानी ‘एयर फोर्स डे’ के अवसर पर देश के सभी वीर जवानों को नमन किया और शुभकामनाएं दीं। साथ ही, उन्होंने यह भी उल्लेख किया कि बुधवार को ही उन्हें देश के प्रधानमंत्री/सरकार के प्रमुख के रूप में सेवा करते हुए 25 वर्ष पूरे हुए हैं, और यह एक सुखद संयोग है कि इसी दौरान IMC के भी 10 वर्ष पूरे हो रहे हैं।
दिग्गज अभिनेता नाना पाटेकर को श्रद्धांजलि: प्रधानमंत्री मोदी ने अपने संबोधन के दौरान हाल ही में दिवंगत हुए हिंदी सिनेमा के महान अभिनेता नाना पाटेकर को भी भावभीनी श्रद्धांजलि अर्पित की। उन्होंने कहा कि नाना पाटेकर का जीवन तिरंगे की आन-बान और शान की तरह था, जिन्होंने अपनी फिल्मों और बेबाक अंदाज के जरिए समाज की अव्यवस्थाओं पर करारा प्रहार किया और एक सच्चे ‘क्रांतिवीर’ की तरह बुराइयों के विरुद्ध कार्य किया।

