अन्तर्राष्ट्रीय

होर्मुज स्ट्रेट को लेकर ईरान का सख्त रुख, नियम तोड़ने वाले जहाजों पर लग सकता है प्रतिबंध

होर्मुज स्ट्रेट को लेकर ईरान का सख्त रुख, नियम तोड़ने वाले जहाजों पर लग सकता है प्रतिबंध

तेहरान: रणनीतिक रूप से बेहद महत्वपूर्ण होर्मुज स्ट्रेट में ईरान ने समुद्री यातायात को लेकर अपना रुख और सख्त कर दिया है। ईरान की पर्शियन गल्फ स्ट्रेट अथॉरिटी (PGSA) ने रविवार को चेतावनी दी कि जलमार्ग से गुजरते समय ईरानी नियमों का पालन नहीं करने वाले जहाजों के खिलाफ कार्रवाई की जा सकती है।

नियम तोड़ने पर जुर्माना और जहाज जब्त करने की चेतावनी

PGSA ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म ‘एक्स’ पर जारी पोस्ट में कहा कि नियमों का उल्लंघन करने वाले जहाजों पर जुर्माना लगाया जा सकता है, उन्हें हिरासत में लिया जा सकता है या जहाज को जब्त किया जा सकता है। ऐसे जहाजों के भविष्य में होर्मुज स्ट्रेट से आवागमन पर भी प्रतिबंध लगाया जा सकता है।

प्राधिकरण ने पर्शियन गल्फ क्षेत्र में माल भेजने वाले व्यापारियों और कंपनियों से कहा है कि किसी जहाज को किराए पर लेने से पहले उसकी वेबसाइट पर मौजूद नियमों का पालन नहीं करने वाले जहाजों की सूची जरूर जांच लें।

जहाजों से विभिन्न सेवाओं के लिए शुल्क लेने की तैयारी

इस बीच, ईरानी संसद की राष्ट्रीय सुरक्षा और विदेश नीति समिति के प्रवक्ता हसन कशकावी ने बताया कि समिति ने होर्मुज स्ट्रेट की सुरक्षा से संबंधित एक मसौदा प्रस्ताव के एक अनुच्छेद को मंजूरी दी है।

इस प्रस्ताव के तहत जलमार्ग में उपलब्ध कराई जाने वाली विभिन्न सेवाओं के लिए शुल्क वसूलने का प्रावधान किया गया है। इनमें नौवहन, पर्यावरण संबंधी सेवाएं, विशेष परिस्थितियों में ईंधन भरने, बीमा और सुरक्षा सेवाएं शामिल हैं।

अर्ध-सरकारी फार्स समाचार एजेंसी के मुताबिक, प्रस्ताव को समिति की रविवार की बैठक में मंजूरी दी गई है।

ट्रंप के बयान से भी बढ़ा तनाव

होर्मुज स्ट्रेट को लेकर ईरान और अमेरिका के बीच बयानबाजी भी तेज है। अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने हाल ही में एक चुनावी रैली के दौरान इस रणनीतिक जलमार्ग का जिक्र करते हुए इसे अमेरिका का क्षेत्र बताया था। हालांकि, इस दावे के समर्थन में उन्होंने कोई कानूनी या क्षेत्रीय आधार नहीं बताया।

ट्रंप ने ईरान के परमाणु कार्यक्रम पर भी चिंता जताते हुए कहा कि अमेरिका ईरान को परमाणु हथियार हासिल करने की अनुमति नहीं दे सकता। उन्होंने यह भी कहा कि वह ईरान के साथ किसी समझौते को लेकर उत्सुक हैं।

होर्मुज स्ट्रेट क्यों है इतना महत्वपूर्ण?

होर्मुज स्ट्रेट पर्शियन गल्फ को ओमान की खाड़ी और अरब सागर से जोड़ने वाला बेहद महत्वपूर्ण समुद्री मार्ग है। वैश्विक ऊर्जा आपूर्ति और अंतरराष्ट्रीय व्यापार के लिहाज से इसका महत्व काफी अधिक है। ऐसे में यहां जहाजों की आवाजाही पर किसी भी तरह की पाबंदी या तनाव का असर अंतरराष्ट्रीय व्यापार और ऊर्जा बाजार पर पड़ सकता है।

ईरान ने इससे पहले भी क्षेत्रीय तनाव के दौरान होर्मुज स्ट्रेट में जहाजों की आवाजाही को लेकर सख्त रुख अपनाया है। मौजूदा घटनाक्रम के बीच ईरान की नई चेतावनियों से इस महत्वपूर्ण समुद्री मार्ग को लेकर तनाव और बढ़ने की आशंका है।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *