नीट पेपर लीक प्रदर्शन के बाद CJP का बड़ा ऐलान: सितंबर से शुरू होगा ‘क्या बोलती पब्लिक’ अभियान
नीट पेपर लीक प्रदर्शन के बाद CJP का बड़ा ऐलान: सितंबर से शुरू होगा ‘क्या बोलती पब्लिक’ अभियान
नई दिल्ली/छत्रपति संभाजीनगर: नीट-यूजी पेपर लीक के खिलाफ जंतर-मंतर पर 36 दिनों तक प्रदर्शन करने वाली ‘कॉकरोच जनता पार्टी’ (CJP) के संस्थापक अभिजीत दीपके ने एक बड़े देशव्यापी अभियान की घोषणा की है। CJP सितंबर महीने से ‘क्या बोलती पब्लिक’ नाम से एक नेशनवाइड कैंपेन शुरू करने जा रही है, जिसका मकसद युवाओं और आम जनता की आवाज को सीधे शासन-प्रशासन तक पहुंचाना है।
1. CJP की विचारधारा और स्वरूप
संविधान ही सर्वोपरि: अभिजीत दीपके ने स्पष्ट किया कि CJP की वही विचारधारा (Ideology) है, जो भारत के संविधान की है।
प्रेशर ग्रुप की भूमिका: दीपके ने कहा कि CJP पारंपरिक चुनावी राजनीति में उतरने के बजाय एक मजबूत ‘पब्लिक प्रेशर ग्रुप’ के रूप में काम करेगी। इसका मकसद चुनाव लड़ना नहीं, बल्कि लोकतांत्रिक संस्थाओं में जवाबदेही तय करना और समाज सेवा करना है।
2. CJP के 5 प्रमुख मुद्दे
’क्या बोलती पब्लिक’ कैंपेन के तहत पार्टी 5 प्रमुख विषयों पर ध्यान केंद्रित करेगी:
शिक्षा व्यवस्था में सुधार (Top Priority): महंगी शिक्षा, पेपर लीक और शिक्षा प्रणाली की खामियों को दूर करना CJP का पहला और सबसे बड़ा एजेंडा होगा।
पारदर्शी न्याय व्यवस्था: देश की न्यायिक प्रणाली को अधिक मजबूत, सुलभ और पारदर्शी बनाना।
रोजगार और बेरोजगारी: 35 वर्ष से कम उम्र के युवाओं में बढ़ती बेरोजगारी, कम वेतन और डिग्री धारकों की समस्याओं को प्रमुखता से उठाना।
संस्थागत जवाबदेही: सरकारी व्यवस्था, प्रशासनिक तंत्र और सार्वजनिक संस्थाओं में जनता का विश्वास बहाल करना।
नागरिक अधिकार: आम जनता के दैनिक प्रश्नों और नागरिक अधिकारों के लिए संघर्ष करना।
3. ‘क्या बोलती पब्लिक’ कैंपेन का मकसद
अभिजीत दीपके ने बताया कि यह एक देशव्यापी दौरा (Nationwide Tour) होगा, जिसके तहत CJP की टीम गांव-शहरों में जाकर युवाओं और आम नागरिकों से सीधी बात करेगी। उन्होंने कहा कि अब जनता की बात सुनने का समय आ गया है और यदि व्यवस्था ने जनता की आवाज नहीं सुनी, तो लोग सड़कों पर उतरने के लिए मजबूर होंगे।
