संगरूर भाजपा कार्यालय पर पेट्रोल बम फेंकने वाले 2 आरोपी गिरफ्तार, 12 घंटे में पुलिस को मिली सफलता
संगरूर भाजपा कार्यालय पर पेट्रोल बम फेंकने वाले 2 आरोपी गिरफ्तार, 12 घंटे में पुलिस को मिली सफलता
पंजाब के संगरूर में शनिवार रात भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) के जिला कार्यालय पर पेट्रोल बम फेंकने की घटना में शामिल दो आरोपियों को संगरूर पुलिस ने महज 12 घंटे के भीतर गिरफ्तार कर लिया है। पकड़े गए आरोपियों की पहचान हैपी सिंह उर्फ हैपी (निवासी भम्माबंदी, लोंगोवाल) और जसप्रीत सिंह उर्फ जस्सी (निवासी लहरा) के रूप में हुई है।
पुलिस ने आरोपियों के कब्जे से वारदात में इस्तेमाल मोटरसाइकिल और दो मोबाइल फोन बरामद किए हैं। मामले की संवेदनशीलता को देखते हुए पुलिस ने दर्ज एफआईआर में आतंकवाद विरोधी कानून यूएपीए (UAPA) की धाराएं भी जोड़ दी हैं।
विदेश में बैठे ‘राणा भाई’ के इशारे पर रची गई साजिश
एसएसपी संगरूर डॉ. रवजोत ग्रेवाल ने बताया कि 26 जुलाई की देर रात करीब 2:35 बजे आरोपियों ने इमारत को नुकसान पहुँचाने और इलाके का माहौल खराब करने की नीयत से भाजपा कार्यालय की दीवार पर पेट्रोल बम फेंका था।
प्रारंभिक पूछताछ में चौंकाने वाले खुलासे हुए हैं:
विदेश से फंडिंग और लालच: आरोपी सोशल मीडिया के जरिए विदेश में बैठे ‘राणा भाई’ नामक व्यक्ति के संपर्क में आए थे। उसने भाजपा कार्यालय पर बम फेंकने और उसका वीडियो बनाकर भेजने के बदले बड़ी रकम देने का वादा किया था।
मिले सिर्फ 2200 रुपये: बड़ी रकम का झांसा देकर राणा भाई ने आरोपियों को दो यूपीआई ट्रांजेक्शन के जरिए शुरुआत में केवल 2200 रुपये (1200 और 1000 रुपये) भेजे थे। बाकी रकम वीडियो भेजने के बाद मिलनी थी।
एक फ्लिपकार्ट कर्मचारी, दूसरा बढ़ई
पुलिस जांच में सामने आया है कि 22 वर्षीय हैपी सिंह ‘फ्लिपकार्ट’ में काम करता है, जबकि 26 वर्षीय जसप्रीत सिंह जस्सी बढ़ई का काम करता है। दोनों की मुलाकात भी सोशल मीडिया के जरिए ही हुई थी।
संगरूर पुलिस अब राणा भाई के सोशल मीडिया अकाउंट्स और पैसों के लेन-देन के लिए इस्तेमाल की गई यूपीआई आईडी (UPI ID) की गहराई से जांच कर रही है। जब्त किए गए मोबाइल फोनों को फॉरेंसिक जांच के लिए भेजा गया है ताकि चैट और रिकॉर्डेड वीडियो जैसे डिजिटल सबूत हासिल किए जा सकें।
