‘वोट चोर गद्दी छोड़’ अभियान: कांग्रेस नेता पवन खेड़ा का चुनाव आयोग और केंद्र पर बड़ा हमला, बोले- “हम संघ का ‘रिजीम’ बदलकर रहेंगे”
‘वोट चोर गद्दी छोड़’ अभियान: कांग्रेस नेता पवन खेड़ा का चुनाव आयोग और केंद्र पर बड़ा हमला, बोले- “हम संघ का ‘रिजीम’ बदलकर रहेंगे”
नई दिल्ली:
राजधानी दिल्ली स्थित कांग्रेस प्रदेश कार्यालय से एक प्रेस कॉन्फ्रेंस को संबोधित करते हुए कांग्रेस के राष्ट्रीय प्रवक्ता पवन खेड़ा ने केंद्र सरकार और मुख्य चुनाव आयुक्त (CEC) ज्ञानेश कुमार पर तीखा राजनीतिक हमला बोला है। उन्होंने घोषणा की है कि कांग्रेस पार्टी और विपक्षी दल देश भर में ‘वोट चोर, गद्दी छोड़’ नाम से एक व्यापक जन-अभियान चला रहे हैं, जिसका मुख्य उद्देश्य इस सरकार को चुनाव के माध्यम से हराना और देश की लोकतांत्रिक व्यवस्था को बचाना है।
”ज्ञानेश कुमार से सवाल पूछो, तो भाजपा क्यों जवाब देती है?”
प्रेस कॉन्फ्रेंस के दौरान पवन खेड़ा ने चुनाव आयोग की निष्पक्षता पर सवाल उठाते हुए कहा:
”जब भी देश या विपक्ष मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार से कोई सीधा सवाल पूछता है, तो जवाब देने के लिए खुद भारतीय जनता पार्टी के नेता सामने आ जाते हैं। आखिर ऐसा क्यों है? हमारा स्पष्ट कहना है कि लोकतंत्र में चुनाव के जरिए ‘रेजीम चेंज’ (सत्ता परिवर्तन) होना स्वाभाविक और संवैधानिक है, और हम चुनाव में हरा कर इस सरकार को बदलेंगे।”
उन्होंने तंज कसते हुए कहा कि अगर सरकार को विरोध प्रदर्शनों और राजनीतिक बदलाव की मांग से इतनी ही आपत्ति है, तो सरकार को संसद का विशेष सत्र बुलाकर कानून बना देना चाहिए कि ‘सरकार बदलने की मांग करना देशद्रोह है।’
आईसा (AISA) अध्यक्ष नेहा बोरा का किया समर्थन
हाल ही में बांग्लादेश के Gen-Z आंदोलन से जुड़े बयान को लेकर बीजेपी के निशाने पर आई अखिल भारतीय छात्र संघ (AISA) की राष्ट्रीय अध्यक्ष नेहा बोरा का पवन खेड़ा ने खुलकर समर्थन किया।
वामपंथी विचारधारा पर सफाई: उन्होंने कहा, “नेहा बोरा के बयान में कुछ भी गलत नहीं है। वामपंथी होने में भला क्या बुराई है? बीजेपी हर बात पर ध्यान भटका सकती है, लेकिन ज्ञानेश कुमार को पद से हटाने के सवाल का जवाब नहीं देती।”
’संघीकरण’ का आरोप: खेड़ा ने आरोप लगाया कि कांग्रेस का उद्देश्य स्वतंत्रता के बाद संघ (RSS) जैसे संगठनों का भारतीयकरण करना था, लेकिन सत्ता में आने के बाद आरएसएस ने देश की सभी संवैधानिक संस्थाओं, विश्वविद्यालयों, ब्यूरोक्रेसी और चुनाव आयोग का ‘संघीकरण’ कर दिया है। इसी व्यवस्था को बदलने के लिए विपक्ष एकजुट है।
सुप्रीम कोर्ट की टिप्पणी और मीडिया पर निशाना
राहुल गांधी पर सुप्रीम कोर्ट द्वारा कथित ‘फटकार’ की खबरों को पवन खेड़ा ने खारिज कर दिया:
मीडिया और बीजेपी का झूठ: उन्होंने कहा कि मीडिया और बीजेपी ने यह भ्रामक खबर चलाई कि सुप्रीम कोर्ट ने राहुल गांधी को फटकार लगाई है, जबकि अदालत का आधिकारिक आदेश आने के बाद यह साफ हो गया कि कोर्ट की टिप्पणी किसी अन्य याचिकाकर्ता/पक्ष के आचरण को लेकर थी।
तिरंगा मार्च का समर्थन: कॉकरोच जनता पार्टी (CJP) द्वारा दिल्ली में आयोजित ‘लहरा दो तिरंगा’ मार्च पर बोलते हुए खेड़ा ने स्पष्ट किया कि जो भी संगठन देश में शांतिपूर्वक ढंग से लोकतंत्र के समर्थन में प्रदर्शन कर रहा है, कांग्रेस पार्टी उनके साथ खड़ी है।
उन्होंने अंत में कहा कि अब चुनाव आयोग द्वारा सुधारों की बात करना बहुत देर से उठाया गया कदम है, क्योंकि देश की जनता अब सड़कों पर है और पूरे देश का मूड ‘रेजीम चेंज’ का बन चुका है।

