यूक्रेन के जपोरिजिया में रूसी हवाई हमले, राष्ट्रपति जेलेंस्की ने डीजल निर्यात प्रतिबंधों में ढील पर जताई कड़ी आपत्ति
यूक्रेन के जपोरिजिया में रूसी हवाई हमले, राष्ट्रपति जेलेंस्की ने डीजल निर्यात प्रतिबंधों में ढील पर जताई कड़ी आपत्ति
यूक्रेन के राष्ट्रपति वोलोदिमिर जेलेंस्की ने रूस पर कड़ा प्रहार करते हुए आरोप लगाया है कि एक तरफ रूस के डीजल निर्यात पर लगी पाबंदियों में अमेरिकी ढील दी जा रही है, तो वहीं दूसरी ओर रूस इसका फायदा उठाकर यूक्रेनी शहरों को निशाना बना रहा है। हाल ही में जपोरिजिया शहर में आवासीय भवनों पर किए गए भीषण रूसी हवाई हमलों में तीन बच्चों समेत 12 लोगों की दर्दनाक मौत हो गई है।
जपोरिजिया हमला और जेलेंस्की के बयान से जुड़ी मुख्य बातें:
जपोरिजिया में भीषण तबाही: राष्ट्रपति जेलेंस्की ने बताया कि रूस ने जपोरिजिया की रिहायशी इमारतों पर पांच ग्लाइड बम गिराए, जिससे भारी तबाही मची है। इस हमले में 14 लोग घायल हुए हैं, जिनमें से दो की हालत बेहद गंभीर बनी हुई है। इसके अलावा, मलबे में फंसे 12 अन्य लोगों की तलाश के लिए आपातकालीन राहत और बचाव अभियान तेजी से चलाया जा रहा है।
यूक्रेन के 13 क्षेत्रों पर रातभर हमले: राष्ट्रपति ने जानकारी दी कि बीती रात यूक्रेन के 13 अलग-अलग क्षेत्रों को निशाना बनाया गया, जिससे कई रिहायशी इलाकों, बुनियादी ढांचे (इन्फ्रास्ट्रक्चर) और रेलवे नेटवर्क को भारी नुकसान पहुंचा है।
डीजल निर्यात और पश्चिमी ढील पर आपत्ति: जेलेंस्की ने कड़े शब्दों में कहा कि रूस के पेट्रोलियम उत्पादों और डीजल निर्यात पर लगे प्रतिबंधों में ढील देना शांति की दिशा में उठाया गया सही कदम नहीं है। यह रूस को यह संकेत देता है कि वह युद्ध जारी रख सकता है।
सैन्य क्षमता और जवाबी कार्रवाई का संकल्प: यूक्रेनी राष्ट्रपति ने जोर देकर कहा कि रूस को इस युद्ध की कीमत चुकानी होगी और उसे नुकसान का अहसास कराना जरूरी है। उन्होंने कहा कि यूक्रेन की लंबी दूरी तक मार करने वाली सैन्य क्षमताएं और अंतरराष्ट्रीय सहयोग ही यह सुनिश्चित कर रहे हैं कि रूस के इन हमलों का माकूल जवाब दिया जाए।

