चक्कर आने के कारण, लक्षण और बचाव: कमजोरी से लेकर गंभीर समस्याओं तक की पूरी जानकारी
चक्कर आने के कारण, लक्षण और बचाव: कमजोरी से लेकर गंभीर समस्याओं तक की पूरी जानकारी
अचानक उठते ही सिर हल्का लगना, कदम लड़खड़ाना या कमरा घूमता हुआ महसूस होना—चक्कर आने की स्थिति कई तरह की हो सकती है। इसे हमेशा केवल सामान्य कमजोरी या थकान मान लेना सही नहीं है। चक्कर आने के पीछे शरीर में पानी की कमी से लेकर ब्लड प्रेशर और ब्लड शुगर में उतार-चढ़ाव जैसी कई वजहें हो सकती हैं।
चक्कर आने के प्रमुख कारण और प्रकार:
वर्टिगो (Vertigo): इस स्थिति में व्यक्ति को अपने आसपास की चीजें घूमती हुई महसूस होती हैं। इसके साथ जी मिचलाना, उल्टी और संतुलन बिगड़ने जैसी परेशानी भी हो सकती है।
ऑर्थोस्टैटिक या पोस्टुरल हाइपोटेंशन: लंबे समय तक बैठे या लेटे रहने के बाद अचानक खड़े होने पर आंखों के आगे अंधेरा छाना या सिर घूमना ब्लड प्रेशर में अचानक गिरावट का संकेत है। शरीर की स्थिति बदलते ही दिमाग तक रक्त का प्रवाह कुछ पलों के लिए कम हो जाता है।
डिहाइड्रेशन (पानी की कमी): गर्मी में ज्यादा पसीना आना, उल्टी-दस्त, बुखार या कम पानी पीने से डिहाइड्रेशन होता है। इसमें प्यास, थकान, मुंह सूखना और गहरे रंग का पेशाब आने के साथ चक्कर आ सकते हैं।
लो ब्लड शुगर (हाइपोग्लाइसीमिया): डायबिटीज की दवा या इंसुलिन लेने वाले लोगों में, या लंबे समय तक भूखे रहने पर ब्लड शुगर गिरने से चक्कर, कंपकंपी, पसीना और घबराहट जैसी समस्याएं हो सकती हैं।
एनीमिया (खून की कमी): शरीर में हीमोग्लोबिन या खून की कमी होने पर ऊतकों तक ऑक्सीजन ठीक से नहीं पहुंच पाती, जिससे अत्यधिक थकान, कमजोरी, सिरदर्द और चक्कर आते हैं। इसके अलावा, माइग्रेन से पीड़ित कुछ लोगों को भी चक्कर या वर्टिगो की शिकायत हो सकती है।
कब तुरंत डॉक्टर से संपर्क करें?
अगर चक्कर आने के साथ इनमें से कोई भी लक्षण दिखाई दे, तो इसे बिल्कुल नजरअंदाज न करें और तुरंत चिकित्सीय सहायता लें:
बोलने में अचानक दिक्कत होना
नजर में अचानक बदलाव या डबल विजन (दो चीजें दिखना)
चेहरे, हाथ या पैर में कमजोरी या सुन्नपन महसूस होना
चलने में अत्यधिक परेशानी या बेहोशी छाना
अचानक बहुत तेज सिरदर्द होना
यदि आपको या आपके किसी परिचित को बार-बार चक्कर आने की समस्या हो रही है, तो खुद से इलाज करने के बजाय डॉक्टर से मिलकर सही कारण का पता लगाना जरूरी है।

