जम्मू-कश्मीर विधानसभा: पूर्ण राज्य के दर्जे का प्रस्ताव भारी हंगामे के बीच पास, बीजेपी ने किया वॉकआउट
जम्मू-कश्मीर विधानसभा: पूर्ण राज्य के दर्जे का प्रस्ताव भारी हंगामे के बीच पास, बीजेपी ने किया वॉकआउट
जम्मू-कश्मीर विधानसभा में राज्य को पूर्ण राज्य का दर्जा दिए जाने के प्रस्ताव पर सत्ता पक्ष और विपक्ष के बीच जबरदस्त घमासान देखने को मिला है। भारी हंगामे और विरोध प्रदर्शन के बीच यह प्रस्ताव विधानसभा में पास हो गया, जिसके बाद भारतीय जनता पार्टी (बीजेपी) ने सदन से वॉकआउट कर दिया।
इस राजनीतिक घटनाक्रम से जुड़े मुख्य बिंदु:
प्रस्ताव और अनुच्छेद-370 का विवाद: मुख्यमंत्री उमर अब्दुल्ला द्वारा सदन में रखे गए इस प्रस्ताव में 9 अगस्त 1953 से पहले की स्थिति और व्यापक स्वायत्तता बहाल करने से जुड़े संदर्भ शामिल थे, जिसका बीजेपी ने कड़ा विरोध किया।
बीजेपी का रुख: नेता प्रतिपक्ष सुनील शर्मा ने स्पष्ट किया कि पार्टी जम्मू-कश्मीर को पूर्ण राज्य का दर्जा दिए जाने पर सकारात्मक और रचनात्मक चर्चा के लिए तैयार है, लेकिन 1953 से पहले की संवैधानिक स्थिति या अनुच्छेद-370 से जुड़े संदर्भों को पार्टी किसी भी कीमत पर स्वीकार नहीं करेगी।
सदन में हंगामा और मार्शलों की कार्रवाई: विरोध के दौरान बीजेपी विधायकों ने सदन में जमकर नारेबाजी की और स्पीकर के खिलाफ प्रदर्शन किया। हंगामे के बीच मार्शलों ने बीजेपी विधायकों रंधावा और अरविंद गुप्ता को सदन से बाहर कर दिया, और आखिरकार हंगामे के बीच ही प्रस्ताव पास हो गया।
राजनीतिक समीकरण: नेशनल कॉन्फ्रेंस और सहयोगी कांग्रेस इस प्रस्ताव के पक्ष में मजबूती से डटी हुई हैं, जबकि बीजेपी इसका विरोध कर रही है। इस तीखे राजनीतिक टकराव के चलते विधानसभा का यह सत्र बेहद हंगामेदार रहा है।
