उत्तराखंड: भाजपा का ‘लोकतंत्र बचाओ, अराजकता हटाओ’ अभियान; 7 कमेटियों का गठन, मंत्रियों और दायित्वधारियों को सौंपी जिम्मेदारी
उत्तराखंड: भाजपा का ‘लोकतंत्र बचाओ, अराजकता हटाओ’ अभियान; 7 कमेटियों का गठन, मंत्रियों और दायित्वधारियों को सौंपी जिम्मेदारी
उत्तराखंड में भारतीय जनता पार्टी (BJP) ने विपक्ष के ‘विमर्श’ और ‘भ्रामक दावों’ का मुकाबला करने के लिए ‘लोकतंत्र बचाओ, अराजकता हटाओ’ अभियान को धरातल पर उतारने की तैयारियां तेज कर दी हैं। संगठन, मीडिया और युवाओं तक अभियान को प्रभावी ढंग से पहुंचाने के उद्देश्य से पार्टी ने 7 अलग-अलग कमेटियों का गठन कर वरिष्ठ नेताओं को जिम्मेदारियां सौंपी हैं।
अभियान की 7 प्रमुख कमेटियां और जिम्मेदारियां:
पार्टी की ओर से जारी सूची के अनुसार अभियान के सुचारू संचालन के लिए निम्नलिखित सात वर्ग/टीमें गठित की गई हैं:
प्रदेश टोली (केंद्रीय मार्गदर्शन व संचालन टीम)
प्रेस कॉन्फ्रेंस (मीडिया प्रबंधन)
पदयात्रा समिति
विधानसभा स्तर पर राष्ट्रीय चिंतन संवाद
युवा संवाद
संपर्क अभियान
विशेषांक मैगजीन/साहित्य संचालन टीम
कैबिनेट मंत्रियों और दायित्वधारियों को कमान:
कैबिनेट मंत्री शामिल: मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी की कैबिनेट के दो प्रमुख मंत्री—डॉ. धन सिंह रावत और प्रदीप बत्रा को कमेटियों में विशेष जिम्मेदारी दी गई है।
दायित्वधारी और पदाधिकारी: इसके अलावा तीन प्रमुख दायित्वधारियों को भी अलग-अलग समितियों में सह-संयोजक व संचालक की भूमिका सौंपी गई है।
अभियान के तहत प्रस्तावित मुख्य कार्यक्रम:
मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी और प्रदेश अध्यक्ष महेंद्र भट्ट की मौजूदगी में तय रूपरेखा के अनुसार, यह अभियान 5 नवंबर तक पूरे प्रदेश में चलाया जाएगा:
31 अक्टूबर: श्रीनगर में विशाल पदयात्रा का आयोजन।
2 नवंबर: राजधानी देहरादून में विशाल पदयात्रा (जिसमें 10 हजार से अधिक लोगों की भागीदारी का लक्ष्य रखा गया है)।
3 नवंबर: उधम सिंह नगर के रुद्रपुर में जन-पदयात्रा।
अन्य 13 जनपद: प्रदेश के सभी 13 जिलों की विधानसभाओं में बौद्धिक, युवा और संपर्क संवाद कार्यक्रमों के माध्यम से जनता के बीच पहुंचकर लोकतांत्रिक मूल्यों पर चर्चा की जाएगी।

