सीएम योगी आदित्यनाथ का विजयादशमी पर बड़ा बयान: बोले- “दुनिया में अपने ही समुदायों से लड़ रहे हैं लोग, जबकि भारत सनातन की छाया में दे रहा है सबको सुरक्षा”
सीएम योगी आदित्यनाथ का विजयादशमी पर बड़ा बयान: बोले- “दुनिया में अपने ही समुदायों से लड़ रहे हैं लोग, जबकि भारत सनातन की छाया में दे रहा है सबको सुरक्षा”
गोरखपुर:
उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने विजयादशमी (दशहरा) के पावन अवसर पर गोरखपुर के आर्यनगर रामलीला मैदान में आयोजित भव्य कार्यक्रम को संबोधित करते हुए दुनिया भर के विभिन्न समुदायों में चल रहे संघर्षों का जिक्र किया और भारत की सांस्कृतिक विरासत तथा सह-अस्तित्व की परंपरा पर जोर दिया।
मुख्यमंत्री ने इस दौरान जाति, क्षेत्र और भाषा के नाम पर समाज को बांटने वाली ताकतों को आड़े हाथों लिया और युवाओं से नशे व विभाजनकारी प्रवृत्तियों के खिलाफ एकजुट होने की अपील की।
1. “दुनिया में अपने ही समुदायों से लड़ रहे हैं लोग, भारत दे रहा है सबको सुरक्षा”
वैश्विक परिदृश्य पर बात करते हुए सीएम योगी ने कहा कि आज पूरी दुनिया में वैचारिक और सांप्रदायिक लड़ाइयां चल रही हैं—”दुनिया में मुस्लिम से मुस्लिम, कम्युनिस्ट से कम्युनिस्ट और क्रिश्चियन से क्रिश्चियन आपस में लड़ रहे हैं।”
इसके विपरीत, भारत की तारीफ करते हुए उन्होंने कहा कि भारत सनातन की छाया में हर जाति, संप्रदाय, मत और मजहब को सुरक्षा प्रदान कर रहा है तथा बिना किसी भेदभाव के सभी को समृद्धि के पथ पर आगे बढ़ा रहा है। यह परंपरा हमारी सांस्कृतिक चेतना और समन्वय की भावना को दर्शाती है।
2. राम मंदिर निर्माण और सांस्कृतिक मजबूती
मुख्यमंत्री ने कहा कि जब-जब भारत कमजोर होता है, तब-तब उसकी सांस्कृतिक और धार्मिक विरासत पर आघात होता है। अयोध्या में श्रीराम जन्मभूमि पर भव्य मंदिर का निर्माण और दीपोत्सव जैसे आयोजन इस बात के प्रतीक हैं कि जब समाज एकजुट होता है, तो बड़े से बड़ा संकल्प पूरा होता है। उन्होंने कहा कि राम मंदिर आंदोलन के दौरान लोगों के पास सत्ता नहीं बल्कि अटूट संकल्प था।
3. समाज को बांटने वालों पर निशाना और रावण की प्रवृत्ति
जाति, क्षेत्र और भाषा के नाम पर समाज को खंडित करने वालों पर कड़ा प्रहार करते हुए सीएम योगी ने कहा कि जो लोग समाज की एकता को तोड़कर राष्ट्र को कमजोर करना चाहते हैं, वे असल में रावण की प्रवृत्ति से प्रेरित हैं।
उन्होंने रामलीलाओं का जिक्र करते हुए कहा कि रामलीला एक ऐसा मंच है जहां किसी पात्र की जाति नहीं पूछी जाती, बल्कि उसके कार्य और समाज के प्रति समर्पण को देखा जाता है। यह परंपरा हमें सामाजिक समरसता और समानता का संदेश देती है।
4. नशामुक्ति और युवा पीढ़ी के लिए संदेश
मुख्यमंत्री ने नशे की लत को समाज और युवा पीढ़ी के लिए एक गंभीर खतरा बताया। उन्होंने कहा कि सरकार इसके खिलाफ कठोर कदम उठा रही है और संपत्तियां भी जब्त कर रही है, लेकिन इस लड़ाई में समाज की सक्रिय भागीदारी भी उतनी ही जरूरी है। विजयादशमी के संकल्प को दोहराते हुए उन्होंने कहा कि हमें दुष्प्रचार, भ्रम, अन्याय और नशे के खिलाफ मिलकर संघर्ष करना होगा।
कार्यक्रम से पहले मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने गोरखनाथ मंदिर से पारंपरिक नाथ पंथ के परिधान में सजकर ‘विजयरथ’ पर सवार होकर भव्य विजय शोभायात्रा की अगुवाई की और मानसरोवर मंदिर पहुंचकर भगवान शिव की विधि-विधान से पूजा-अर्चना की।

