यूपी विधानसभा चुनाव से पहले बीजेपी को झटका: पूर्व विधायक राजीव चन्ना और बृजभूषण शरण सिंह के करीबी भवानी शुक्ल समेत कई नेता समाजवादी पार्टी में शामिल
यूपी विधानसभा चुनाव से पहले बीजेपी को झटका: पूर्व विधायक राजीव चन्ना और बृजभूषण शरण सिंह के करीबी भवानी शुक्ल समेत कई नेता समाजवादी पार्टी में शामि
लखनऊ:
उत्तर प्रदेश में आगामी विधानसभा चुनावों से पहले राजनीतिक दलों में पाला बदलने का दौर तेजी से शुरू हो गया है। इस कड़ी में भारतीय जनता पार्टी (BJP) को एक बड़ा झटका लगा है। मुरादाबाद के पूर्व भाजपा विधायक राजीव चन्ना और गोंडा जिले के कटरा विधानसभा क्षेत्र से ब्लॉक प्रमुख प्रतिनिधि व जिला पंचायत सदस्य भवानी भीख शुक्ल ने अपने समर्थकों और परिवार के साथ समाजवादी पार्टी (सपा) का दामन थाम लिया है। पार्टी अध्यक्ष अखिलेश यादव की मौजूदगी में इन सभी ने समाजवादी पार्टी की सदस्यता ग्रहण की।
भवानी शुक्ल और उनके पांचों बेटे सपा में शामिल
गोंडा के दिग्गज नेता भवानी भीख शुक्ल के साथ-साथ उनके पांचों बेटों—भगवान शुक्ला, कृष्ण भगवान शुक्ला, शिव भगवान शुक्ला, विष्णु भगवान शुक्ला और शंकर भगवान शुक्ला—ने भी सपा की सदस्यता ले ली है। भवानी भीख शुक्ल को पूर्व सांसद बृजभूषण शरण सिंह का बेहद करीबी माना जाता है।
क्या था विवाद?
भवानी भीख शुक्ल पिछले साल उस वक्त काफी चर्चा में आए थे जब गोंडा के कटरा से भाजपा विधायक बावन सिंह और उनके समर्थकों के साथ उनका तीखा विवाद हो गया था। जीएसटी दरों में छूट के संबंध में आयोजित एक धन्यवाद बैठक के दौरान दोनों पक्षों के समर्थक आमने-सामने आ गए थे, जिसके बाद जमकर हंगामा और ईंट-पत्थर चले थे। इस अंदरूनी कलह और सियासी रंजिश के बाद से ही क्षेत्र में राजनीतिक चर्चाएं गर्म थीं।
अन्य दलों से भी कई चेहरों ने थामा ‘साइकिल’ का हाथ
सपा में शामिल होने वालों में सिर्फ भाजपा ही नहीं, बल्कि अन्य दलों के नेता भी शामिल हैं:
खुर्जा से नरेश प्रताप जाटव और रोहित यादव
बहुजन समाज पार्टी (BSP) से विजय तिवारी और हापुड़ से सुरेंद्र कुमार सैनी
भाजपा से मनोज सिंह सैनी, बाबागंज से केशव पासी, सीतापुर से आशीष प्रताप सिंह, तथा बुलंदशहर से लक्ष्मण सैनी और अंकित गौतम
चुनाव से ठीक पहले विपक्षी खेमे में नेताओं के इस तरह शामिल होने से राज्य का सियासी समीकरण और दिलचस्प होता नजर आ रहा है।

