झारखंड में 26 दिन बाद खत्म हुआ JPSC-JSSC अभ्यर्थियों का आंदोलन, 22 परीक्षाएं रद्द; 45 की होगी जांच
झारखंड में 26 दिन बाद खत्म हुआ JPSC-JSSC अभ्यर्थियों का आंदोलन, 22 परीक्षाएं रद्द; 45 की होगी जांच
रांची: झारखंड में JPSC-JSSC भर्ती परीक्षाओं में कथित गड़बड़ी के खिलाफ पिछले 26 दिनों से चल रहा छात्रों का आंदोलन बुधवार को समाप्त हो गया। आंदोलनकारी छात्रों ने सरकार की ओर से 22 परीक्षाओं को रद्द करने और 45 परीक्षाओं में गड़बड़ी की जांच की अधिसूचना जारी होने के बाद फिलहाल आंदोलन वापस लेने का फैसला किया है।
आंदोलन समाप्त करने की औपचारिक घोषणा शाम चार बजे की जाएगी। इसके बाद छात्र शाम छह बजे जयपाल सिंह मुंडा स्टेडियम से आभार यात्रा निकालेंगे।
सरकार को जांच के लिए 60 दिन का समय
छात्रों ने कहा कि सरकार ने भर्ती परीक्षाओं में हुई कथित गड़बड़ियों की व्यापक और निष्पक्ष जांच का भरोसा दिया है। इसी भरोसे के आधार पर आंदोलन को फिलहाल समाप्त किया गया है। हालांकि, छात्रों ने स्पष्ट किया कि उनकी नजर अब जांच की प्रक्रिया पर रहेगी।
अभ्यर्थियों ने सरकार को जांच पूरी करने के लिए 60 दिनों का समय देने का फैसला किया है। छात्रों के मुताबिक, यदि इस अवधि में जांच निष्पक्ष तरीके से नहीं हुई या किसी तरह की लापरवाही सामने आई तो वे दोबारा आंदोलन शुरू करेंगे।
25 जुलाई से चल रहा था सत्याग्रह
जेपीएससी-जेएसएससी अभ्यर्थी न्याय मंच के रामावतार महतो ने बताया कि मंच ने 25 जुलाई से परीक्षाओं में कथित धांधली के खिलाफ अनिश्चितकालीन सत्याग्रह शुरू किया था। इस दौरान छात्रों ने धरना, प्रदर्शन, सत्याग्रह और भूख हड़ताल जैसे कई कार्यक्रम किए।
रामावतार महतो के अनुसार, सरकार ने मंच की प्रमुख मांगों को स्वीकार किया है। उन्होंने छात्र हित में उठाए गए कदमों के लिए मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन के प्रति आभार जताया।
‘सरकार को जांच का अवसर देना चाहिए’
रामावतार महतो ने कहा कि परीक्षाओं में गड़बड़ी करने वालों के खिलाफ कार्रवाई और जांच की दिशा में सरकार की ओर से उठाए गए कदमों से छात्रों को न्याय मिलने की उम्मीद जगी है। उन्होंने कहा कि सरकार को जांच पूरी करने का उचित अवसर दिया जाना चाहिए।
छात्रों ने साफ किया कि आंदोलन खत्म करना मामले से पीछे हटना नहीं है। अगले 60 दिनों तक जांच की प्रगति पर लगातार नजर रखी जाएगी।
जांच में लापरवाही हुई तो फिर सड़क पर उतरेंगे छात्र
अभ्यर्थियों ने चेतावनी दी है कि यदि जांच में अनियमितता, लापरवाही या पक्षपात सामने आया तो आंदोलन दोबारा शुरू किया जाएगा। छात्रों का कहना है कि मौजूदा फैसला केवल सरकार को जांच के लिए समय देने के उद्देश्य से लिया गया है।
आभार यात्रा निकालेंगे आंदोलनकारी
आंदोलन समाप्त होने के बाद छात्र शाम छह बजे जयपाल सिंह मुंडा स्टेडियम से आभार यात्रा निकालेंगे। इस यात्रा के जरिए आंदोलन के दौरान छात्रों का समर्थन करने वाले लोगों, संगठनों और अन्य सहयोगियों के प्रति आभार जताया जाएगा।
सरकार की ओर से परीक्षाएं रद्द करने, संभावित अनियमितताओं की जांच और परीक्षा व्यवस्था में सुधार की दिशा में कदम उठाए जाने के बाद छात्रों ने फिलहाल आंदोलन को विराम दिया है। अब अगले 60 दिन सरकार की जांच प्रक्रिया और उसके नतीजों के लिहाज से महत्वपूर्ण माने जा रहे हैं।
